*वृद्धावस्था पेंशन में हाईस्कूल मार्कशीट की अनिवार्यता खत्म करने की उठी मांग*
*जय जवान जय किसान लोक शक्ति संगठन ने मुख्यमंत्री को भेजा ज्ञापन, वैकल्पिक दस्तावेजों को मान्य करने की अपील*
नितेश प्रताप सिंह (ब्यूरो इटावा)
इटावा। जय जवान जय किसान लोक शक्ति संगठन ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को एक ज्ञापन भेजकर वृद्धावस्था पेंशन योजना में आ रही व्यावहारिक दिक्कतों की ओर ध्यान आकर्षित किया है। संगठन ने मांग की है कि पेंशन के लिए हाईस्कूल मार्कशीट की अनिवार्यता को समाप्त कर अन्य सरकारी दस्तावेजों को आधार बनाया जाए। ग्रामीण बुजुर्गों को हो रही परेशानी,
संगठन के जिला अध्यक्ष ब्रजेश मिश्रा ने ज्ञापन के माध्यम से बताया कि प्रदेश के ग्रामीण अंचलों में बड़ी संख्या में ऐसे बुजुर्ग निवास करते हैं, जो या तो कभी स्कूल नहीं गए या जिनके पास हाईस्कूल की मार्कशीट उपलब्ध नहीं है। वर्तमान नियमों के तहत आयु प्रमाण के लिए मार्कशीट की मांग किए जाने से पात्र बुजुर्ग योजना के लाभ से वंचित हो रहे हैं।
*वैकल्पिक दस्तावेजों को मिले मान्यता*
मुख्यमंत्री से अपील करते हुए संगठन के जिलाध्यक्ष बृजेश मिश्रा ने मांग उठाई है कि 60 वर्ष से अधिक आयु के बुजुर्गों के लिए निम्नलिखित दस्तावेजों को आयु प्रमाण के रूप में स्वीकार किया जाए:
आधार कार्ड
वोटर आईडी (मतदाता पहचान पत्र)
राशन कार्ड
परिवार रजिस्टर की नकल
ग्राम पंचायत द्वारा जारी प्रमाण पत्र
अंतिम व्यक्ति तक पहुँचे योजना का लाभ
जिला अध्यक्ष ब्रजेश मिश्रा ने कहा,”सरकार की मंशा जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाने की है। लेकिन दस्तावेजों की जटिलता इसमें बड़ी बाधा बन रही है। किसी भी पात्र बुजुर्ग को केवल कागज की कमी के कारण पेंशन से महरूम रखना न्यायसंगत नहीं है।”
संगठन ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है, कि इस गंभीर विषय पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय लिया जाए। ताकि प्रदेश के लाखों जरूरतमंद बुजुर्गों को समय से राहत मिल सके और उनका बुढ़ापा सुरक्षित हो सके।




