बजट 2026: स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़े ऐलान
डिस्ट्रिक हेड। राहुल द्विवेदी
नई दिल्ली: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शनिवार को बजट 2026 पेश किया। इस बजट में स्वास्थ्य क्षेत्र को प्रमुख प्राथमिकता दी गई है। सरकार का उद्देश्य देश के हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करना और रोजगार सृजन करना है।
बजट 2026 की प्रमुख घोषणाएँ – हेल्थ सेक्टर
रोजगार और ट्रेनिंग: स्वास्थ्य क्षेत्र में स्किल-आधारित नौकरियों को बढ़ावा
नई ट्रेनिंग: अगले 5 वर्षों में 1 लाख एलाइड हेल्थ प्रोफेशनल्स और 1.5 लाख केयर गिवर्स को ट्रेनिंग
संस्थानों का अपग्रेड: रेडियोलॉजी और एनेस्थीसिया जैसे विशेष विषयों वाले संस्थानों का विकास
रीजनल मेडिकल हब: देश में 5 क्षेत्रीय मेडिकल हब, जिसमें प्राइवेट सेक्टर की भागीदारी
हेल्थकेयर कॉम्प्लेक्स: एक ही छत के नीचे AYUSH, डायग्नोस्टिक और रीहैब सुविधा
नए संस्थान: 3 नए अखिल भारतीय आयुर्वेदिक संस्थान
प्राचीन पद्धति को बढ़ावा: योग और आयुर्वेद को ग्लोबल पहचान
बड़ा निवेश: ‘बायो-फार्मा शक्ति’ पहल – अगले 5 वर्षों में 10,000 करोड़ रुपये
ग्लोबल हब: भारत को दवाओं की मैन्युफैक्चरिंग का नंबर-1 केंद्र बनाने का लक्ष्य
रिसर्च नेटवर्क: देशभर में 10,000 नई क्लीनिकल ट्रायल साइट्स
संस्थानों का विकास: बायो-फार्मा क्षेत्र में 3 नए राष्ट्रीय संस्थान और 7 पुराने संस्थान मॉडर्न तकनीक से लैस
पिछले बजट का संदर्भ
2024‑25: स्वास्थ्य मंत्रालय के लिए 90,958 करोड़ रुपये, आयुष्मान भारत के लिए 7,300 करोड़ रुपये
2025‑26: कैंसर जैसी गैर-संचारी बीमारियों के उपचार और हेल्थ बुनियादी ढांचे के विस्तार पर जोर




