*स्वाइन फ्लू को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट, उन्नाव में सीएचसी में दो, जिला अस्पताल में छह बेड आरक्षित*
ख़बर उन्नाव से है जहां स्वाइन फ्लू को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। शासन स्तर से जारी विस्तृत गाइडलाइन के बाद यह कदम उठाया गया है। अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. जेआर सिंह ने सोमवार को सीएमओ कार्यालय में बताया कि 25 अगस्त को स्वाइन फ्लू से संबंधित पत्र और विस्तृत दिशा-निर्देश प्राप्त हुए हैं। इन दिशानिर्देशों के आधार पर जिले के सभी ब्लॉक स्तरीय स्वास्थ्य केंद्रों पर आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं। सभी एमओआईसी, बीसीपीएम, एचईओ और एआरओ के साथ बैठकें कर उन्हें शासन की गाइडलाइन की जानकारी दी जा चुकी है। डॉ. जेआर सिंह ने बताया कि प्रत्येक ब्लॉक स्तरीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) पर स्वाइन फ्लू के मरीजों के लिए दो-दो बेड आरक्षित रखने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं, जिला अस्पताल में छह बेड आरक्षित किए जाएंगे। स्वास्थ्य केंद्रों पर आवश्यक दवाओं की उपलब्धता भी सुनिश्चित की जा रही है।
बता दे कि फ्रंटलाइन वर्करों को भी निर्देश दिए गए हैं कि वे लोगों में किसी तरह का भय न फैलने दें। उन्हें लक्षणों के आधार पर मरीजों को उचित सलाह देने के लिए कहा गया है। डॉ. जेआर सिंह ने इन्फ्लूएंजा के मरीजों के लक्षणों को तीन श्रेणियों में समझाया। कैटेगरी ‘ए’ में सामान्य लक्षण होते हैं, जिनमें खांसी, हल्का बुखार, गले में खराश और बदन दर्द शामिल हैं। ऐसे मरीजों को घबराने की आवश्यकता नहीं है। उन्हें घर पर आराम करने, बुखार की दवा लेने और परिवार के अन्य सदस्यों से दूरी बनाए रखने की सलाह दी जाती है। कैटेगरी ‘बी’ में लक्षण अपेक्षाकृत अधिक गंभीर होते हैं। इसमें खांसी, बुखार और बदन दर्द बढ़ सकता है। ‘बी-1’ श्रेणी के मरीजों को घर पर आइसोलेट रहने और चिकित्सकीय सलाह के अनुसार उपचार लेने की आवश्यकता होती है। अधिकारी के अनुसार, जरूरत पड़ने पर ओसेल्टामिविर 75 मिलीग्राम की दवा पांच दिन तक सुबह-शाम देने की व्यवस्था है। ‘बी-2’ श्रेणी में तेज बुखार और अधिक बदन दर्द के साथ सह-रुग्णता वाले मरीजों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत होती है। इसमें गर्भवती महिलाएं, छोटे बच्चे, 65 वर्ष से अधिक उम्र के लोग और किडनी संबंधी बीमारियों से ग्रस्त व्यक्ति शामिल हैं।
बाइट – डॉक्टर जे आर सिंह, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी उन्नाव।
*अस्तित्व कुशवाहा उन्नाव संवाददाता*




