*फर्जी पहचान बनाकर ठगी करने वाला धूर्त ठग बंदी*
बाँदा-ब्यूरो
अल्तमश हुसैन
बांदा। आरक्षी अधीक्षक बांदा पलाश बंसल के मार्गदर्शन में चलाए जा रहे अपराध नियंत्रण और अंतरजाल अपराध रोकथाम अभियान के अंतर्गत बांदा आरक्षी दल ने एक धूर्त ठग को दबोच लिया है।बताया गया कि एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा अधिकारियों के नाम से सामाजिक माध्यम पर पद पहचान बनाकर लोगों से धन की मांग की जा रही थी। इस विषय में नगर कोतवाली में प्रकरण लिखित किया गया था। विषय की गंभीरता को देखते हुए नगर कोतवाली दल, अंतरजाल प्रकोष्ठ, निगरानी प्रकोष्ठ और तकनीकी दल ने संयुक्त रूप से छानबीन प्रारंभ की। अंकीय प्रमाणों, सामाजिक माध्यम की गतिविधियों और तकनीकी निवेश के आधार पर आरोपी की पहचान की गई। आरक्षी दल ने घेराबंदी कर आरोपी को मबई बाईपास, बांदा से बंदी बना लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार करते हुए बताया कि वह राजस्थान का निवासी है और वह अधिकारियों की पद पहचान बनाकर लोगों से धन मांगता है। वह धन लेने ही बांदा आया था। उसके अधिकार से एक चल दूरभाष यंत्र बरामद किया गया है। आरोपी को बंदी बनाकर माननीय न्यायालय में प्रस्तुत किया गया है। अभियुक्त मुस्ताक पुत्र वसीर, निवासी ग्राम मानकी सादिकावास, थाना रामगढ़, जिला अलवर, राजस्थान का निवासी हैं। पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल ने कहा कि सामाजिक माध्यम पर किसी अधिकारी, जनप्रतिनिधि या सम्मानित व्यक्ति के नाम से बनी छद्म पहचान से आए मित्रता प्रस्ताव, संदेश या धन की मांग पर बिना पुष्टि के भरोसा न करें। किसी भी संदेहास्पद पहचान की छाया प्रति और पता सुरक्षित रखें और तत्काल सहायता संख्या एक नौ तीन शून्य पर शिकायत करें। अनजान कड़ी पर दबाव न डालें और गुप्त अंक, प्रवेश संकेत या धन से जुड़ी जानकारी किसी से साझा न करें। सतर्क रहें, सुरक्षित रहें।




