*नई दिल्ली: चुनाव से पहले CM के नाम की घोषणा नहीं करेगी भाजपा, UP सहित 7 राज्यों में होने हैं इलेक्शन*
*नई दिल्ली:* उत्तर प्रदेश और गुजरात सहित अगले साल देश के सात राज्यों में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने इसके लिए तैयारी भी शुरू कर दी है। भाजपा नेतृत्व आने वाले विधानसभा चुनावों में नई रणनीति को अपनाने पर गंभीरता से विचार कर रही है, जिसमें भावी मुख्यमंत्री घोषित करने के बजाए सामूहिक व वर्तमान नेतृत्व के साथ चुनाव लड़ा जाएगा।
पिछले कई चुनावों के ट्रेंड को देखते हुए पार्टी का मानना है कि इससे सफलता का प्रतिशत बढ़ता है और ज्यादा लाभ मिलता है। जिस राज्य में पार्टी की सरकार है, उसके नेता को आगे भी बरकरार रखा जा सकता है, लेकिन वही फिर से नेता बनेगा इसकी सीधी घोषणा करने से बचा जाएगा। भाजपा में नए नेतृत्व के साथ नए बदलाव व नई रणनीति पर भी काफी चिंतन हो रहा है।
*चुनाव से पहले मुख्यमंत्री के नाम की घोषणा नहीं होगी:*
सूत्रों के अनुसार, पार्टी का मानना है कि जिन राज्यों में उसकी सरकारें हैं वहां चुनाव के दौरान ही अगले मुख्यमंत्री के नाम की घोषणा से सत्ता विरोधी माहौल बढ़ जाता है और पार्टी में भी दो तरह की धाराएं बन जाती है। अगर ऐसा नहीं किया जाता है तो पार्टी पूरी ताकत लगाती है और विरोधियों को भी मौका नहीं मिल पाता है। सूत्रों के कहना कि पार्टी में एक बड़े वर्ग का मानना है कि जहां पर उसके वर्तमान में मुख्यमंत्री है, चुनाव तो उन्हीं के नेतृत्व में लड़ा जाएगा और उनको आगे भी बरकरार रखा जा सकता है, लेकिन इसकी पहले से ही घोषणा नहीं की जानी चाहिए। जहां पार्टी सत्ता में नहीं है, वहां पर भी सामूहिक नेतृत्व में ही जाने से ज्यादा सफलता की संभावना रहती है।




