*UPI भुगतान पर MDR के विरोध में कांग्रेस का हस्ताक्षर अभियान। सात दिन में व्यवस्था वापस न होने पर आंदोलन की चेतावनी*
उन्नाव। 2,000 रुपये से अधिक के चुनिंदा UPI भुगतानों पर 0.4 प्रतिशत MDR लागू किए जाने के विरोध में कांग्रेस ने गुरुवार को हस्ताक्षर अभियान चलाया। शहर कांग्रेस और कांग्रेस विकलांग प्रकोष्ठ की ओर से छोटे चौराहे से बड़े चौराहे तक अभियान चलाकर व्यापारियों और आम लोगों से हस्ताक्षर कराए गए। कांग्रेस नेताओं ने सरकार से व्यवस्था की समीक्षा कर व्यापारियों पर पड़ने वाले अतिरिक्त आर्थिक बोझ को हटाने की मांग की।
डिजिटल भुगतान की अतिरिक्त लागत पर जताई आपत्ति
कांग्रेस विकलांग प्रकोष्ठ के प्रदेश महासचिव एवं प्रवक्ता तन्मय श्रीवास्तव ने कहा कि व्यापारी देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं। उन्होंने कहा कि व्यापारी पहले से महंगाई, बिजली बिल, किराया, कर्मचारियों के वेतन और अन्य कारोबारी खर्चों का सामना कर रहे हैं। ऐसे में डिजिटल भुगतान से जुड़ी अतिरिक्त लागत उनकी परेशानी बढ़ा सकती है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस व्यापारियों की समस्याओं को लेकर आवाज उठाती रहेगी। उनके मुताबिक, डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देने के साथ छोटे दुकानदारों और व्यापारियों पर अतिरिक्त आर्थिक दबाव न पड़े, यह भी सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
सात दिन में व्यवस्था वापस न हुई तो आंदोलन की चेतावनी
तन्मय श्रीवास्तव ने केंद्र सरकार की नीतियों पर भी सवाल उठाए और आरोप लगाया कि इनसे आम लोगों और व्यापारियों पर आर्थिक दबाव बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि हस्ताक्षर अभियान के जरिए लोगों की आपत्तियों को सरकार तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।
उन्होंने चेतावनी दी कि सात दिन के भीतर व्यवस्था वापस नहीं ली गई तो कांग्रेस कार्यकर्ता सड़क पर उतरकर विरोध प्रदर्शन और पुतला दहन करेंगे।
MDR व्यवस्था की समीक्षा की मांग
शहर कांग्रेस अध्यक्ष फैज फारूकी ने केंद्र सरकार से व्यापारी हितों को ध्यान में रखते हुए MDR व्यवस्था की समीक्षा करने की मांग की। उन्होंने कहा कि छोटे और मध्यम व्यापारियों को अतिरिक्त आर्थिक बोझ से बचाया जाना चाहिए।
अभियान में नसीम खान, इम्तियाज, शाश्वत बाजपेई, सरफराज गांधी, शकील खान, ओम पांडेय, मीसम रजा, आशीष त्रिपाठी, ज्योति आर्या और अरविंद सोनी समेत अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
*पंकज श्रीवास्तव ब्यूरो*




