खाकी और जनता आमने-सामने; पुलिस की जमीन खाली करानेखाकी और जनता आमने-सामने; पुलिस की जमीन खाली कराने पर बवाल, विधायक रूमी बोले– CP से मांगेंगे मोहलत
डिस्ट्रिक हेड | राहुल द्विवेदी
कानपुर। रेलबाजार थाना क्षेत्र के मीरपुर इलाके में पुलिस की जमीन खाली कराने को लेकर शनिवार को बड़ा विवाद खड़ा हो गया। पुलिस द्वारा नोटिस दिए जाने और मकानों पर निशान लगाए जाने से स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। लोगों का दावा है कि वे पिछले करीब 70 वर्षों से यहां वैध रूप से रह रहे हैं और उनके पास बिजली बिल, आधार कार्ड, वोटर आईडी समेत सभी आवश्यक दस्तावेज मौजूद हैं।
सूचना मिलते ही कैंट विधायक मो. हसन रूमी मौके पर पहुंचे और लोगों की समस्याएं सुनीं। विधायक ने भरोसा दिलाया कि वह इस मामले में पुलिस कमिश्नर रघुवीर लाल से मिलकर लोगों को कुछ समय की मोहलत दिलाने का प्रयास करेंगे।
स्थानीय निवासियों का आरोप है कि बीते 2 अक्टूबर 2023 से पुलिसकर्मी उन्हें लगातार परेशान कर रहे हैं। दो फरवरी को पुलिस माइक लेकर इलाके में पहुंची और दो दिन के भीतर मकान खाली करने की चेतावनी दी गई। आरोप है कि कई घरों पर काले क्रॉस के निशान भी लगाए गए, जिससे क्षेत्र में भय और नाराजगी का माहौल बन गया।
वहीं थाना प्रभारी जितेंद्र प्रताप सिंह चौहान ने बताया कि संबंधित भूमि पुलिस विभाग की है, जिस पर वर्षों से लोगों ने अवैध कब्जा कर रखा है। पहले छप्पर डालकर रहना शुरू किया गया, बाद में कुछ लोगों ने पक्के मकान भी बना लिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि उच्चाधिकारियों के निर्देश पर नियमों के तहत भूमि खाली कराने की कार्रवाई की जा रही है।
फिलहाल प्रशासन और स्थानीय लोगों के बीच तनाव की स्थिति बनी हुई है। अब सभी की निगाहें पुलिस कमिश्नर से होने वाली बातचीत और संभावित राहत पर टिकी हैं। पर बवाल, विधायक रूमी बोले– CP से मांगेंगे मोहलत
डिस्ट्रिक हेड | राहुल द्विवेदी
कानपुर। रेलबाजार थाना क्षेत्र के मीरपुर इलाके में पुलिस की जमीन खाली कराने को लेकर शनिवार को बड़ा विवाद खड़ा हो गया। पुलिस द्वारा नोटिस दिए जाने और मकानों पर निशान लगाए जाने से स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। लोगों का दावा है कि वे पिछले करीब 70 वर्षों से यहां वैध रूप से रह रहे हैं और उनके पास बिजली बिल, आधार कार्ड, वोटर आईडी समेत सभी आवश्यक दस्तावेज मौजूद हैं।
सूचना मिलते ही कैंट विधायक मो. हसन रूमी मौके पर पहुंचे और लोगों की समस्याएं सुनीं। विधायक ने भरोसा दिलाया कि वह इस मामले में पुलिस कमिश्नर रघुवीर लाल से मिलकर लोगों को कुछ समय की मोहलत दिलाने का प्रयास करेंगे।
स्थानीय निवासियों का आरोप है कि बीते 2 अक्टूबर 2023 से पुलिसकर्मी उन्हें लगातार परेशान कर रहे हैं। दो फरवरी को पुलिस माइक लेकर इलाके में पहुंची और दो दिन के भीतर मकान खाली करने की चेतावनी दी गई। आरोप है कि कई घरों पर काले क्रॉस के निशान भी लगाए गए, जिससे क्षेत्र में भय और नाराजगी का माहौल बन गया।
वहीं थाना प्रभारी जितेंद्र प्रताप सिंह चौहान ने बताया कि संबंधित भूमि पुलिस विभाग की है, जिस पर वर्षों से लोगों ने अवैध कब्जा कर रखा है। पहले छप्पर डालकर रहना शुरू किया गया, बाद में कुछ लोगों ने पक्के मकान भी बना लिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि उच्चाधिकारियों के निर्देश पर नियमों के तहत भूमि खाली कराने की कार्रवाई की जा रही है।
फिलहाल प्रशासन और स्थानीय लोगों के बीच तनाव की स्थिति बनी हुई है। अब सभी की निगाहें पुलिस कमिश्नर से होने वाली बातचीत और संभावित राहत पर टिकी हैं।




