कानपुर देहात में सनसनी: हत्या के मुकदमे में दर्ज मृतक निकला जिंदा
डिस्ट्रिक हेड | राहुल द्विवेदी
कानपुर देहात जिले के गजनेर थाना क्षेत्र से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसने पुलिस महकमे के साथ-साथ आम लोगों को भी हैरान कर दिया। यहां जिस व्यक्ति की हत्या का मुकदमा दर्ज कराया गया था, वह व्यक्ति जिंदा और पूरी तरह सुरक्षित मिला है। पुलिस ने कथित मृतक रज्जन को सकुशल बरामद कर लिया है, जिससे हत्या का पूरा मामला फर्जी साबित हो गया।
मामले की शुरुआत 15 दिसंबर 2025 को हुई, जब गजनेर थाना क्षेत्र के नंगापुर गांव निवासी शगुन ने कोर्ट के आदेश के आधार पर सजेती थाना क्षेत्र के निबियाखेड़ा गांव निवासी रज्जन की हत्या का मुकदमा दर्ज कराया। शगुन ने दावा किया था कि रज्जन की हत्या कर दी गई है। लेकिन विवेचना के दौरान पुलिस को ऐसे कोई साक्ष्य नहीं मिले, जो हत्या की पुष्टि कर सकें।
जांच को आगे बढ़ाते हुए गजनेर पुलिस ने रज्जन की तलाश की और उसे जीवित अवस्था में बरामद कर लिया। पुलिस के अनुसार, रज्जन एनडीपीएस एक्ट के एक मामले में वांछित था और लंबे समय से फरार चल रहा था।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि शगुन पर रज्जन को न्यायालय में पेश करने का दबाव था। इसी दबाव से बचने और मामले को उलझाने के उद्देश्य से उसने कोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए रज्जन की हत्या का झूठा मुकदमा दर्ज करा दिया। जांच में स्पष्ट हो गया कि न तो हत्या हुई थी और न ही इससे संबंधित कोई ठोस प्रमाण मौजूद था।
अब पुलिस ने फर्जी मुकदमा दर्ज कराने वाले शगुन के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी है। गजनेर थाना पुलिस के अनुसार, न्यायालय से अनुमति मिलते ही शगुन के विरुद्ध धारा 182 (लोक सेवक को गुमराह करने के लिए झूठी सूचना देना), 211 (झूठा मुकदमा दर्ज कराना) समेत अन्य संबंधित धाराओं में केस दर्ज किया जाएगा।
यह मामला कानून के दुरुपयोग की गंभीर मिसाल बनकर सामने आया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जाएगी, ताकि न्याय व्यवस्था का दुरुपयोग रोका जा सके और निर्दोष लोगों को अनावश्यक रूप से परेशान न किया जाए। घटना को लेकर इलाके में चर्चाओं का दौर जारी है और लोग इसे बेहद सनसनीखेज मामला बता रहे हैं।




