*कानपुर सेंट्रल पर अवैध वेंडरों का राज, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल*
*डिस्ट्रिक हेड राहुल द्विवेदी*
कानपुर। कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन पर अवैध वेंडरों का नेटवर्क लगातार सक्रिय बना हुआ है। प्लेटफॉर्म से लेकर ट्रेनों तक बिना अनुमति सामान बेचने का सिलसिला खुलेआम जारी है, जिससे रेलवे प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
सूत्रों के मुताबिक, पहले ही स्टेशन को बम से उड़ाने की धमकी मिल चुकी है, ऐसे में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चिंताएं और बढ़ गई हैं। इसके बावजूद अवैध गतिविधियां थमने का नाम नहीं ले रही हैं।
📹 कैमरे में कैद गतिविधि
सीसीटीवी फुटेज में ठेकेदार राकेश शुक्ला से जुड़े वेंडर नजर आए हैं। एक वेंडर ने खुद स्वीकार किया कि वह राकेश शुक्ला के लिए काम करता है। बताया जा रहा है कि ये वेंडर खासतौर पर लखनऊ रूट की ट्रेनों में पॉपकॉर्न, खिलौने और अन्य सामान बेचते हैं।
🚆 खुलेआम नियमों की अनदेखी
रेलवे स्टेशन पर सीसीटीवी निगरानी के बावजूद अवैध वेंडिंग का कारोबार धड़ल्ले से चल रहा है। आरोप है कि लंबे समय से जारी इस गतिविधि पर संबंधित विभागों द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही।
👥 यात्रियों की चिंता
यात्रियों का कहना है कि:
अवैध बिक्री से रेलवे को राजस्व का नुकसान हो रहा है
प्लेटफॉर्म और ट्रेनों में भीड़भाड़ बढ़ रही है
सुरक्षा व्यवस्था कमजोर पड़ती दिख रही है
👉 कुल मिलाकर, कानपुर सेंट्रल पर अवैध वेंडरों की बढ़ती सक्रियता ने न सिर्फ नियमों की धज्जियां उड़ाई हैं, बल्कि यात्रियों की सुरक्षा को भी खतरे में डाल दिया है। अब देखना होगा कि रेलवे प्रशासन इस मामले में कब तक सख्त कदम उठाता है।




