फर्जी GST गिरोह का भंडाफोड़, 2.66 करोड़ की टैक्स चोरी का खुलासा; दो शातिर गिरफ्तार
डिस्ट्रिक हेड | राहुल द्विवेदी
कानपुर पुलिस कमिश्नरेट की क्राइम ब्रांच ने फर्जी फर्मों के जरिए करोड़ों रुपये की जीएसटी चोरी करने वाले एक बड़े गिरोह का भंडाफोड़ किया है। कार्रवाई में कमल गौरव साहू और एतिशाम हुसैन को गिरफ्तार किया गया है। प्रारंभिक जांच में दोनों पर 2.66 करोड़ रुपये से अधिक की टैक्स चोरी का आरोप सामने आया है।
क्राइम ब्रांच के अनुसार आरोपी बिना किसी वास्तविक माल की खरीद-फरोख्त के, फर्जी और अस्तित्वहीन फर्मों के जरिए इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) का अवैध लाभ उठा रहे थे, जिससे सरकारी राजस्व को भारी नुकसान पहुंचाया गया।
फर्जी GST रजिस्ट्रेशन से हुआ खेल
यह कार्रवाई पुलिस आयुक्त कानपुर नगर एवं संयुक्त पुलिस आयुक्त (अपराध) के निर्देशन तथा पुलिस उपायुक्त अपराध के पर्यवेक्षण में की गई।
राज्य कर विभाग, उत्तर प्रदेश से प्राप्त सूचना के आधार पर थाना कल्याणपुर क्षेत्र में ‘अपूर्वा ट्रेडिंग कंपनी’ के नाम से दर्ज एक संदिग्ध जीएसटी पंजीकरण की जांच शुरू की गई।
जांच में सामने आया कि—
फर्म का जीएसटी पंजीकरण कूटरचित दस्तावेजों के आधार पर कराया गया था
घोषित व्यापार स्थल पर कोई वास्तविक व्यावसायिक गतिविधि नहीं पाई गई
स्थानीय लोगों ने फर्म के अस्तित्व से इनकार किया
पंजीकृत मोबाइल नंबर बंद मिला
कागजों पर सप्लाई, असल में कुछ नहीं
क्राइम ब्रांच की विवेचना में स्पष्ट हुआ कि अपूर्वा ट्रेडिंग कंपनी पूरी तरह बोगस फर्म थी। इसके माध्यम से अन्य फर्जी फर्मों को आउटवर्ड सप्लाई दिखाकर फर्जी टैक्स इनवॉइस और ई-वे बिल जनरेट किए गए।
ऐसे दिया गया सरकारी खजाने को चूना
वर्ष 2019-20 के दौरान आरोपियों ने—
2.54 करोड़ रुपये टैक्स
12.71 लाख रुपये पेनाल्टी
कुल मिलाकर 2.66 करोड़ रुपये से अधिक की कर चोरी की।
आरोपी फर्जी पैन कार्ड, आधार कार्ड, बिजली बिल और किरायानामा तैयार कर उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ में कई फर्जी जीएसटी फर्मों का पंजीकरण कराते थे।
बिना माल सप्लाई किए केवल कागजों पर लेन-देन दिखाया जाता था।
बरामदगी और आगे की कार्रवाई
थाना कल्याणपुर में मुकदमा दर्ज कर—
बैंक खातों
मोबाइल फोन
जीएसटी पोर्टल रिकॉर्ड
डिजिटल साक्ष्यों
का गहन विश्लेषण किया गया।
पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है।
बरामद सामान:
बैंक कार्ड
एंड्रॉइड व आई-फोन मोबाइल
जीएसटी रजिस्ट्रेशन दस्तावेज
ई-वे बिल
फर्जी इनवॉइस
अन्य अहम कागजात
पुलिस के अनुसार गिरोह के मास्टरमाइंड और अन्य सहयोगियों की तलाश जारी है।




